Thursday, March 14, 2019

खट्टे फलों को खानें का सही समय

*खट्टे फलों को खाली पेट खाने से बढ़ सकती है एसिडिटी, जानिए फल को खाने का सही समय*
 शशांक द्विवेदी
1 फलों को खाने के पहले या ठीक बाद में खाने से हमेशा बचें। फलों का सेवन या तो खाने के आधे घंटे पहले कर लें या फिर खाना खाने के कम से कम एक घंटा बाद तक न करें, अन्यथा आपको पाचन व एसिडिटी संबंधी समस्या हो सकती है।
2 सुबह के समय फलों का सेवन स्वास्थ्य और शरीर के लिए सबसे फायदेमंद होता है, लेकिन कुछ फल ऐसे हैं जिन्हें सुबह खाली पेट खाने से हमेशा बचना चाहिए। सीट्रिक यानि खट्टे फलों को खाली पेट खाने से एसिडिटी बढ़ सकती है।
3 अगर आप भी उन लोगों में शामिल हैं जो स्वाद बढ़ाने या हेल्थ के लिए फलों को दही या दूध के साथ खाते हैं, तो ऐसा बिल्कुल न करें। यह आपको स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं दे सकता है।
4 कुछ फल किडनी स्टोन के मरीजों के लिए नुकसानदायक हो सकते हैं, इसलिए पहले पूरी जानकारी लें तभी किसी फल का सेवन करें। अगर तरबूज खा रहे हैं तो बेहतर होगा कि इसके साथ कुछ न खाएं।
5 फलों का चयन अपनी तासीर के अनुसार करें। अगर आपकी तासीर ठंडी है, तो केले, संतरा, अनानास जैसे फलों को ज्यादा न खाएं। वहीं अगर आपकी तासीर गर्म है तो आम और पपीते जैसे फलों का सेवन कम ही करें।

Wednesday, March 13, 2019

सरसों तेल के शानदार फायदे

*सरसों तेल के शानदार फायदे, जरूर जानें और अपनाएं*
 शशांक द्विवेदी
1 सरसों के तेल को बहुत पौष्टिक माना जाता है, इसलिए इसका प्रयोग खाना बनाने के लिए भी किया जाता है। इसकी तासीर गर्म होने से सर्दियों में यह अत्यंत लाभकारी माना जाता है।
2 सरसों के तेल की मालिश करने से शरीर की मांसपेशियां मजबूत होती हैं और रक्त संचार भी बेहतर होता है। यह शरीर में गर्माहट पैदा करने में भी मददगार होता है।
3 दांतों की तकलीफ में सरसों के तेल में नमक मिलाकर रगड़ने से फायदा होता है, साथ ही दांत पहले से अधिक मजबूत हो जाते हैं।
4 त्वचा संबंधी समस्याओं में भी बेहद फायदेमंद होता है। यह शरीर के किसी भी भाग में फंगस को बढ़ने से रोकता है और त्वचा को स्वस्थ और चमकदार बनाता है।
5 यह बालों की जड़ों को पोषण देकर रक्तसंचार बढ़ाता है जिससे बालों का झड़ना बंद हो जाता है। इसमें ओलिक एसिड और लीनोलिक एसिड पाया जाता है, जो बालों की ग्रोथ बढ़ाने के लिए अच्छे होते हैं।
 6  सरसों तेल को कई लोग एक टॉनिक के रूप में भी प्रयोग करते हैं। यह शरीर की कार्य क्षमता बढ़ा कर शरीर की कमजोरी को दूर करने में सहायता करता है।इस तेल की मालिश के बाद स्नान करने से शरीर और त्वचा दोनों स्वस्थ रहते हैं।
 7 ठंड के दिनों में सरसों का तेल गर्माहट के लिए रामबाण इलाज है, हल्के गर्म तेल की मसाज से रूखी-सूखी त्वचा भी नर्म, मुलायम व चिकनी हो जाती है। सरसों के तेल की मालिश से गठिया रोग और जोड़ो का दर्द भी ठीक हो जाता है।

चोकर वाले आटे के ये 5 बड़े फायदे

*रिफाइंड आटा छोड़ि‍ए, जानिए चोकर वाले आटे के ये 5 फायदे*
 शशांक द्विवेदी
1  चोकर खून में इम्यूनोग्लोब्यूलीन्स की मात्रा को बढ़ाता है जो शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने में मददगार है। यह टीबी जैसी खतरनाक बीमारी से लड़ने की ताकत रखता है।
2 यह बवासीर, अपेंडिसाइटिस, बड़ी आंत एवं मलाशय के कैंसर से बचाता है और पेट साफ करने में काफी मददगार साबित होता है।
3 फाइबर से भरपूर होने के कारण चोकर युक्त आटे का प्रयोग पाचन संबंधी समस्याओं को दूर कर कब्ज की समस्या में भी लाभकारी होता है। यह आंतों में जमा मल भी निकालने में मदद करता है।
4 चोकर युक्त आटे का प्रयोग कोलेस्ट्रॉल को कम करने में अहम भूमिका निभाता है, अत: मोटापे एवं हार्ट के मरीजों के लिए चोकर युक्त आटे का प्रयोग बेहद फायदेमंद साबित होता है।
5 वजन कम करने की चाहत रखने वालों के लिए तो यह एक प्राकृतिक उपाय है, जो आपके बढ़ते वजन पर नियंत्रण रखने में कारगर साबित होता है।

चीनी है 'मीठी मौत ',उसकी जगह ये चीजें करें इस्तेमाल

*चीनी है खतरनाक, इसकी जगह इस्तेमाल करें ये 5 हेल्दी चीजें*
 शशांक द्विवेदी
1 देशी खांड और मिश्री -ये मिठास के हेल्दी विकल्प हैं जो आपको मिठास के साथ-साथ भरपूर पोषक तत्व भी देते हैं। इसमें कैल्शियम और मिनरल भरपूर मात्रा में होते हैं। चूंकि इन्हें रिफाइंड नहीं किया जाता जिसके कारण ये नुकसान की जगह आपको फायदा देते हैं।
2 कोकोनट शुगर - कोकोनट शुगर भी चीनी का बढ़ि‍या विकल्प है। इसे नारियल के पेड़ से निकलने वाले मीठे द्रव्य को इकट्ठा कर बनाया जाता है। हालांकि इसमें कैलोरी तो चीनी के बराबर ही होती है लेकिन ग्लाइसेमिक इंडेक्स शुगर से कम होती है। लेकिन आपका शरीर इसे आसानी से पचा लेता है।
3 डेट्स शुगर - खजूर हमेशा से मिठास का एक हेल्दी विकल्प रहा है। सूखे खजूर को भूनकर इन्हें पीस लें और चीनी की जगह इसका इस्तेमाल करें। हालांकि चाय कॉफी में इसका इस्तेमाल नहीं किया जा सकता लेकिन चॉकलेट, पेस्ट्री, हलवा, केक या अन्य जगह आप इसे प्रयोग कर सकते हैं। इससे हड्डियां भी मजबूत होती हैं।
4 गुड़ - गुड़ को रिफाइंड नहीं किया जाता इसलिए यह आपको सभी पोषक तत्व देता है जिसमें विटामिन और मिनरल्स भी शामिल हैं। चूंकि इसकी तासीर गर्म होती है, इसलिए यह सर्दी और कफ में विशेष फायदा देता है।
5 रॉ हनी - बाजार में मिलने वाले शहद की जगह रॉ हनी यानि कच्चा शहद बेहद फायदेमंद होगा। यह न केवल आपको मिठास देगा, बल्कि वजन कंट्रोल करने में भी मदद करेगा।

Tuesday, March 12, 2019

स्वास्थ्य के लिए खतरनाक है सोडा पीना ..

*सोडा पीने का शौक पड़ सकता है महंगा, जानिए ऐसे 8 कारण कि क्यों नहीं पीना चाहिए सोडा*

1 यह न केवल आपके दांतों में सड़न पैदा करता है बल्कि इसमें अत्यधिक मात्रा में मौजूद रिफाइंड शुगर, कैलोरी की मात्रा मोटापा बढ़ाने का काम करती है।
2 सिर्फ सोडा ही नहीं बल्कि ड्र‍िंकिंग सोडा जिस बॉटल या केन में बाजार में उपलब्ध है, वह भी हानिकारक है। इनमें टॉक्सिक केमिकल बिस्फेनॉल होता है, जो एक नहीं कई प्रकार की हेल्थ प्रॉब्लम्स को पैदा करता है।
3 इसमें बहुत अधिक मात्रा में शर्करा पाई जाती है। इसमें मौजूद 20 ऑन्स मात्रा ही लगभग 20 बड़े चम्मच शुगर के बराबर होती है।
4 अगर आप कैलोरी कम करने के लालच में डाइट सोडा लेना पसंद करते हैं, तो जान लीजिए कि यह आपके किडनी की कार्यक्षमता को कम करता है।
5 सोडा पीने की आदत लगना तो और भी खतनाक है। हर दिन ड्रिंकिंग सोडा का सेवन, आपके लिए डायबिटीज के खतरे को 25 प्रतिशत तक बढ़ा देता है।
6 20 ऑन्स सोडा यानि 240 कैलोरी बर्न करने के लिए आपको हर बार सोडा पीने के बाद लगभग 1 घंटा पैदल चलने की जरूरत होती है।
7 सोडा में पाया जाने वाला फास्फोरिक एसिड आपकी हड्ड‍ियों में मौजूद कैल्सियम को चुरा लेता है। इतना ही नहीं यह हड्ड‍ियों के घनत्व को भी कम कर देता है।
8 रोजाना सोडा का प्रयोग, आपके मेटाबॉलिज्म में परिवर्तन करने में काफी हद तक प्रभावी होता है और वजन कम करना बेहद कठिन हो जाता है।

Monday, March 11, 2019

आलू से जुड़ी ये खास बातें ..

*आलू से जुड़ी ये खास बातें, जो आप नहीं जानते...*

1 यह आश्चर्य की बात है कि आलू की रसदार लुग्दी या पेस्ट झुर्रियां, बढ़ती उम्र के दाग-धब्बे और त्वचा की रंगत निखारने में सहायता करती है।
2 आलू के पौष्टिक तत्वों का लाभ लेने के लिए इसे हमेशा छिलके समेत पकाना चाहिए क्योंकि आलू का सबसे अधिक पौष्टिक भाग छिलके के एकदम नीचे होता है, जो प्रोटीन और खनिज से भरपूर होता है। आलू को उबाला, भूना या अन्य सब्जियों के साथ पकाया जाता है, इसलिए इसके पौष्टिक तत्व आसानी से हजम हो जाते हैं।
3 आलू का यदि कोई भाग हरा रह गया है तो उसे काटकर निकाल देना चाहिए, क्योंकि उसमें सोलेनाइन नामक विषैला पदार्थ होता है। इसके अतिरिक्त यदि आलू में अंकुर आ गए हों, तो अंकुरित भाग काटकर निकाल देना चाहिए और उसे प्रयोग में नहीं लाना चाहिए।
4 आलू में औषधीय गुण जबर्दस्त हैं। यह आंतों में सड़न की प्रक्रिया को रोकता है, और पाचन प्रक्रिया में सहायक बैक्टीरिया के विकास में सहायता करता है।
5 पाचन संबंधी बीमारियों में कच्चे आलू का रस बहुत उपयोगी होता है, क्योंकि यह आंतों में सूजन से आराम दिलाता है। इस रोग में आराम पाने के लिए कच्चे आलू का आधा प्याला रस भोजन से आधा घंटा पहले दिन में दो या तीन बार लेना चाहिए।
6 प्रत्येक बार भोजन करने से पहले चाय का एक या दो चम्मच भर कच्चे आलुओं का रस पीने से सभी तरह के अम्ल शरीर से निकल जाते हैं और गठिया रोग में आराम मिलता है। आलू के छिलके में महत्वपूर्ण खनिज लवण भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं।

Sunday, March 10, 2019

ज्यादा शुगर मतलब मीठी मौत

*ज्यादा शुगर मत खाना, वरना कभी भी हो जाएंगी ये 7 बीमारियां*
शशांक द्विवेदी

1 सबसे आम लेकिन गंभीर बीमारी ही नहीं बल्कि कई बीमारियों की जड़ है मोटापा। जब हम शुगर खाते है तो हमारे बॉडी में लीपोप्रोटीन लिपोज बनता है जिसकी वजह से हमारी कोशिकाओं में फैट जमा होने लगता है, नतीजतन मोटापा हमें घेर लेता है।
2 जब हम ज्यादा शुगर लेते हैं तो इसका सीधा असर प्रतिरक्षा तंत्र पर पड़ता है और वह कमजोर होता है। ऐसा होने पर बीमारियां हमें आसानी से घेर लेती हैं।
3 शुगर में कैलोरी के अलावा ऐसे कोई पोषक तत्व नहीं होते जो कि हमारे शरीर की ऊर्जा बढ़ाने में मदद करें, इसलिए जब भी आप शुगर की मात्रा अधिक लेंगे, कुछ समय बाद आप ऊर्जा की कमी और आलस महसूस करेंगे। यह स्थिति लंबे समय तक घातक हो सकती है।
4 अधिक शुगर का सेवन हमारे लीवर का काम बढ़ा देता है और शरीर में लिपिड का निर्माण बढ़ जाता है। ऐसी स्थिति में फैटी लीवर डिसीज जैसी समस्याओं का खतरा बढ़ जाता है।
5 ज्यादा मात्रा में शुगर लेने से ब्लड शुगर लेवल बढ़ जाता है जो दिमाग के लिए नुकसानदायक है। इस स्थिति में दिमाग तक सही मात्रा में ग्लूकोज नहीं पहुंच पाता और दिमाग सही तरीके से काम नहीं कर पाता, जिससे मेमोरी लॉस भी हो सकता है।
6 समय से पहले बूढ़ा दिखना भी ज्यादा शुगर लेने का एक बड़ा साइड इफेक्ट है। जब हम ज्यादा मात्रा में शुगर खाते हैं तो यह बॉडी में इंफ्लेमेटरी इफेक्ट बनाती है जिससे त्वचा पर दाने निकलना, बूढ़ा होना और झुर्रियां पड़ने की समस्याएं हो सकती है।
7 ज्यादा शुगर का सेवन हार्ट अटैक या हार्ट स्ट्रोक जैसी समस्याओं के लिए भी जिम्मेदार हो सकता है, क्योंकि यह ब्लडप्रेशर और कोलेस्ट्रॉल भी बढ़ाती है, जो दिल के लिए घातक है।